३) शादी:
३) शादी:
१९४१ की फिल्म ‘शादी’ मे होली पर चित्रित गीत के बोल हैं ‘भिगोई मोरी साड़ी रे’। गीत की नायिका
पहले ही बोल रही हैं की होली के अवसर पर रंग खेलते समय उसकी चोली (स्त्रियों का एक
तरह छाती पर पहनने का वस्त्र, सहसा अंतरवस्त्र) न भिगाई जाए।[1]
होली के साथ चोली को जोड़कर महिला को वस्तुनिष्ट बनाया गया हैं। शादी यह फिल्म जयंत
देसाई ने निर्देशित की हैं।[2]
[1]
https://www.hindilyrics4u.com/song/bhigoi_mori_saari_re.htm
[2]
https://www.imdb.com/title/tt0214109/
अगर आप मेरे कार्य से सहमत हैं तो कृपया इस पुस्तिका को अन्य भाई-बहनों के साथ साझा करें।
यहा तक पढ़ने के लिए धन्यवाद!
Comments
Post a Comment